Monday, October 20, 2014

मेगा लोक अदालत में 1462 वादों का निस्तारण

       जनपदीय न्यायाधीश विजय प्रताप सिंह के कुशल निर्देशन में लोक अदालत में दीवानी न्यायालयों, प्री लिटिगेशन, तहसील में लोक अदालत एवं राजस्व न्यायालयों द्वारा कुल 1462 वादों का निस्तारण किया गया।  आज की मेगा लोक अदालत में जिला जज द्वारा 06 वादों का निस्तारण किया गया जिसमें एफ.डी.आर. धनराशि रू0 30,000/- एवं प्रतिकर राशि रू0 1,14,652/- सम्मिलित है। 
           राष्ट्रीय लोक अदालत के नोडल अधिकारी अपर जिला जज जितेन्द्र कुूमार सिंह,पंकज कुमार सिंह , विशेष जज,आर्थिक अपराध अशोक कुमार मिश्रा, हसनैन करैशी, रामकृष्ण शुक्ला, नीरज निगम, के0के0 अस्थाना, विनय कुमार मिश्रा, मयंक जैन, जयशंकर मिश्रा , विनय खरे ,राममूर्ति यादव, सुशील कुमार रस्तोगी, पंकज कुमार सिंह लालता प्रसाद, राममिलन सिंह, पंकज कुमार उपाध्याय, नरेन्द्र कुमार, प्रवीन कुमार सिंह, वीरेन्द्र कुमार प्रभाकर राव, श्रीपाल आदि ने विभिन्न प्रकति 51 वादों का निस्तारण किया। विभिन्न मजिस्ट्रेट द्वारा लोक अदालत में 1208 वादों का निस्तारण किया गया साथ ही 1,00170/-रूपये की धनराशि राजकोष में जमा कराया गया। 
    आज की  लोक अदालत में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेेट खलीकुज्जुमा द्वारा 507 वाद, सचिव विविधक सेवा प्राधिकरण एवं अपर न्यायिक मजिस्ट्रेट मुमताज अली, ने 125 वाद ,नरेन्द्र पाल सिंह तोमर द्वारा 152 वाद धीरेन्द्र कुमार द्वारा 200 वादों का निस्तारण किया । सिविल जज श्रीमती जया पाठक सी0डि0 द्वारा 04 वादों का निस्तारण किया गया। जिसमें उत्तराधिकार के 03 मामलों का भी निस्तारण किया गया।
   जिला जज के निर्देशानुसार जनपद की समस्त तहसीलों मे आज लोक अदालत का आयोजन किया गया जिसमें राजस्व के 105 वाद एवं फौजदारी के 52 वादों  का निस्तारण किया गया । 
     इसी प्रकार गत दिवस जनपद न्यायाधीश विजय प्रताप सिंह ने निर्देश पर जिला कारागार में जेल लोक अदालत का आयोजन किया गया जिसमें अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मुमताज अली ने जिला कारागार में निरूद्ध बन्दीगण से सम्बन्धित प्रकति वादों की 06 पत्रावलियों निस्तारण किया।