Thursday, February 11, 2010

सबकी सहायता है अपनी सहायता

कहते हैं जो व्यक्ति दूसरों की सहायता के लिए हमेशा तैयार रहता  है, भगवान भी उसकी सहायता करते हैं. सबकी सहायता करने का सीधा मतलब है अपनी सहायता क्योंकि जब हम जरूरतमंदों की सहायता सच्चे मन से करते हैं तो हमें दिली ख़ुशी मिलती है. सहायता का अर्थ ये नहीं है कि हम रुपये पैसे या कपडे लत्ते लुटा दें , बल्कि सहायता में वो मदद भी शामिल है जो शरीर से की जा सकती हो. किसी घायल को अस्पताल पहुँचाना , किसी नेत्रहीन को अपनी मंजिल तक पहुँचाना , जरुरत पड़ने पर रक्तदान करना, भूख -  प्यास से तड़फते व्यक्ति को भोजन पानी देने  जैसे कार्यों से जो तसल्ली मन को मिलती है वो और किसी काम से कभी हासिल नहीं हो सकती. आत्मप्रेरणा एवं निःस्वार्थ भाव  से दूसरों की मदद के लिए किये गए सभी कार्य किसी न किसी रूप में  हमारे जीवन के लिए शुभ फलदायी होते हैं और हमारे व्यक्तित्व  को महान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है.